October 11, 2021

Join With Us


व्रत के दौरान फलाहार में चाहते हैं वैराइटी : राजगीरा आटा से बनाएं ये फूड आइटम्स




न्यूज़ डेस्क | शारदीय नवरात्रि की 7 अक्टूबर से शुरुआत हो चुकी है| माता की आराधना के इन विशेष दिनों में भक्त मां को प्रसन्न करने के लिए नौ दिनों तक उपवास करते हैं| इस दौरान वे सिर्फ फलाहार ही करते हैं| अगर आप भी मां की आराधना के दौरान उपवास के दौरान सिर्फ फलाहार ही करते हैं तो हम आपको राजगीरा के आटे से बनने वाली कुछ रेसिपीज बताने जा रहे हैं| इन्हें बनाकर आप पारंपरिक फलाहार के अलावा अन्य डिशेस का स्वाद भी ले सकेंगे| व्रत के दौरान आमतौर पर साबूदाना खिचड़ी या साबूदाना वड़ा जैसे आइटम्स को बनाने का ज्यादा प्रचलन है, लेकिन लगातार कई दिनों फलाहार में इस तरह की चीजों को खाना न सिर्फ पेट के लिहाज से ठीक नहीं है, बल्कि इससे शरीर को न पर्याप्त ऊर्जा मिल पाती है और न ही पर्याप्त पोषण|

उपवास के दौरान कोशिश करना चाहिए कि फलाहार ऐसा हो जो कि पेट के लिहाज से न सिर्फ हल्का हो बल्कि वह शरीर को पोषक तत्व भी प्रदान करे जिससे कि शरीर की ऊर्जा में कमी नहीं आए और श्रध्दापूर्वक माता की भक्ति हो सके| राजगीरा के आटे में ये सभी गुण हैं| आमतौर पर उपवास में सिंघाड़ा आटा, राजगीरा आटा, कुट्टू का आटा प्रयोग में लाया जाता है|

राजगीरा की इन डिशेस को करें ट्राई

  1. फलाहारी डोसा – राजगीरे के आटे से आप फलाहारी डोसा बना सकते हैं. इसे चटनी या दही के साथ खाया जा सकता है|
  2. उपवास थालीपीठ – थालीपीठ वैसे महाराष्ट्र की पारंपरिक डिश है, लेकिन उसे राजगीरे के आटे और आलू की मदद से बनाकर उपवास के फलाहार के तौर पर इस्तेमाल किया जा सकता है|
  3. राजगीरा पराठा – उपवास के दौरान आप राजगीरे के आटे का पराठा बनाकर खा सकते हैं| इसमें कसा हुआ पनीर मिलाकर इसका स्वाद और भी बढ़ाया जा सकता है|
  4. हलवा – आप अगर फलाहार में मीठा खाने के शौकीन हैं तो राजगीरे के आटे का हलवा ट्राई कर सकते हैं. यह व्रत के दौरान बनने वाली एक कॉमन डिश है|
  5. राजगीरा पुड़ी – राजगीरा आटे की पुड़ी बनाकर उसे दही या फिर रायसे के साथ फलाहार के तौर पर लिया जा सकता है|




+36
°
C
+39°
+29°
New Delhi
Wednesday, 10
See 7-Day Forecast

Advertisement









Tranding News

Get In Touch
Avatar

सोनम कौर भाटिया

प्रधान संपादक

+91 73540 77535

contact@vcannews.com

© Vcannews. All Rights Reserved. Developed by NEETWEE