मुंबई | न्यूज़ डेस्क | दुनिया में कोरोना ने भारी तबाही मचाई है. इस वायरस से परेशान अब लोग जल्द से जल्द इसकी वैक्सीन लेकर इम्यून होने की कोशिश में लगे हुए हैं. हालांकि, ऐसे कई लोग हैं जो वैक्सीन लेने में आनाकानी कर रहे हैं. ऐसे लोगों को वैक्सीन लेने के लिए सरकार या निजी संस्थान जागरूक करने के लिए कई काम कर रहे हैं. हाल ही में एक शख्स ने सोशल मीडिया पर बताया कि मस्जिद ने उसे नमाज अदा करने से रोक दिया क्यूंकि उसने कोरोना की बूस्टर डोज नहीं ली है. इससे उसे काफी तकलीफ पहुंची.
मामला मलेशिया के सेलंगोर के हुलु लंगट मस्जिद का है. यहां एक शख्स को मस्जिद में नमाज अदा करने से रोक दिया गया क्यूंकि उसने कोरोना की बूस्टर डोज नहीं लगवाई थी. इसे लेकर उसने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट किया, जो वायरल हो गया. यहां मस्जिद में उनलोगों की एंट्री पर बैन लगा दिया गया है जिन्होंने बूस्टर डोज नहीं लिया है. RELA ऑफिसर ने बताया कि ये फैसला द्वारा लिया गया है.
वीडियो में लोगों से पहले उनके डोज का सर्टिफिकेट दिखाने को कहा जा रहा है उसके बाद ही मस्जिद में एंट्री है. जो लोग सर्टिफिकेट नहीं दिखा रहे, उन्हें अंदर एंट्री नहीं दी जा रही है. इसे लेकर जहां कुछ लोगों ने इस फैसले में सहमति कई ने इसका विरोध किया है. लोगों का कहना है कि अगर बूस्टर डोज महामारी पर कंट्रोल का तरीका है, तो इसमें भला क्या बुराई है. वहीं कुछ लोग अभी भी वैक्सीन से परहेज कर रहे हैं. उनके मुताबिक़, ये वैक्सीन कोरोना की नहीं , बल्कि लोगों को बच्चा पैदा करने से रोकने के लिए हैं.
मलेशिया में पहले से ही ऐसे सर्कुलर बांटे जा रहे हैं जिसमें ये साफ लिखा है कि अगर आपने बूस्टर डोज नहीं लिया है तो आप मस्जिद में शुक्रवार की नमाज अदा नहीं कर पाएंगे. इसके बावजूद लोग बिना डोज लिए ही मस्जिद जा रहे हैं. जब उन्हें अंदर जाने से रोका जा रहा है तो वो इसका विरोध कर रहे हैं.