मुंबई | न्यूज़ डेस्क | टी-20 विश्व कप 2022 में भारत का पहला मैच पाकिस्तान के खिलाफ है। 2021 टी-20 विश्व कप में भी भारत का पहला मुकाबला पाकिस्तान के खिलाफ ही था और इस मैच में भारत को 10 विकेट से करारी हार झेलनी पड़ी थी। यह पहला मौका था, जब टीम इंडिया विश्वकप में पाकिस्तान से हारी थी। इससे पहले वनडे और टी-20 विश्वकप में भारत ने हर बार पाकिस्तान को हराया था। ऐसे में भारतीय टीम ऑस्ट्रेलिया में एक बार फिर जीत हासिल कर दुबई की हार का बदला लेना चाहेगी।
भारत और पाकिस्तान टी-20 वर्ल्ड कप में छह बार भिड़ चुके हैं। भारत ने इनमें से पांच मैचों में पाकिस्तान को हराया है, जबकि एक बार पाकिस्तान की टीम जीती है। ओवरऑल टी-20 में दोनों टीम नौ बार आमने-सामने आ चुकी हैं। इसमें टीम इंडिया ने सात और पाकिस्तान ने दो मैच जीते हैं। सात में से एक मैच (2007) भारत ने टाई के बाद बॉल आउट में जीता था।
वनडे विश्व कप में भारत का दबदबा
टी-20 के अलावा वनडे वर्ल्ड कप में भारतीय टीम का रिकॉर्ड पाकिस्तान के खिलाफ शानदार है। भारत ने वनडे विश्व कप में पाकिस्तान के खिलाफ हमेशा जीत हासिल की है। साल 1992 से 2019 विश्व कप तक दोनों टीमों के बीच कुल सात मुकाबले हुए हैं। सातों बार टीम इंडिया ने पाकिस्तान को करारी शिकस्त दी है।
यहां हम बता रहे हैं कि टी-20 विश्व कप में भारत और पाकिस्तान के बीच हुए मुकाबलों का नतीजा क्या रहा है।
2007 में पहला टी-20 विश्व कप खेला गया था। पहले ही विश्व कप के ग्रुप स्टेज के 10वें मैच में दोनों टीमें आमने-सामने आई थीं। तब पाकिस्तान के कप्तान शोएब मलिक ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला लिया। भारत ने पहले बैटिंग की और रॉबिन उथप्पा के अर्धशतक की बदौलत 20 ओवर में नौ विकेट पर 141 रन बनाए थे।
इसके जवाब में पाकिस्तान की टीम भी 20 ओवर में सात विकेट पर 141 रन ही बना सकी थी। मिस्बाह उल हक ने सबसे ज्यादा 53 रन बनाए थे। उस वक्त सुपर ओवर नहीं होता था, बल्कि उसकी जगह बॉल आउट खेले जाते थे। जिसमें दोनों टीमों की ओर से एक-एक करके पांच बार गेंदबाजों को विकेट पर हिट करना था।
भारत की ओर से वीरेंद्र सहवाग, रॉबिन उथप्पा और हरभजन सिंह ने विकेट पर हिट किया और वे सफल रहे। जबकि पाकिस्तान की ओर से उमर गुल, यासिर अराफात और शाहिद अफरीदी मिस कर गए और भारत ने यह मैच जीत लिया।
ग्रुप स्टेज के बाद फाइनल में भी दोनों टीमों की भिड़ंत हुई। भारत के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने टॉस जीतकर पहले बैटिंग का फैसला लिया। गौतम गंभीर के 54 बॉल पर 75 रन और रोहित शर्मा के 16 बॉल पर 30* रन की बदौलत भारत ने 20 ओवर में पांच विकेट गंवाकर कुल 157 रन बनाए।
जवाब में पाकिस्तान के टॉप ऑर्डर के बल्लेबाज धाराशाई हो गए। रुद्र प्रताप सिंह, इरफान पठान और जोगिंदर शर्मा के आगे पाकिस्तान टीम की एक न चली। 141 रन तक पाक टीम ने नौ विकेट गंवा दिए थे। हालांकि, मिस्बाह उल हक तब भी क्रीज पर थे। आखिरी ओवर में पाकिस्तान टीम को जीत के लिए 13 रन की जरूरत थी।
धोनी ने चाल चलते हुए बॉल जोगिंदर शर्मा के हाथों में दिया। ओवर की दूसरी बॉल पर मिस्बाह ने छक्का लगाया। तीसरी बॉल पर उन्होंने फाइन लेग पर बड़ा शॉट लगाने की कोशिश की, पर बॉल में स्पीड कम होने के कारण बॉल बाउंड्री लाइन क्रॉस नहीं कर पाई और श्रीसंत के हाथों में चली गई। भारत ने यह मैच पांच रन से जीता।
भारत के विश्व चैंपियन बनने के बाद पाकिस्तान भी कहां चुप रहने वाला था। पाक टीम इस टूर्नामेंट के दूसरे संस्करण में चैंपियन बनी। इसमें भारत से उसका सामना नहीं हुआ। वहीं, 2010 वर्ल्ड कप में भी दोनों टीमें नहीं भिड़ीं। 2012 में भारत और पाकिस्तान का सुपर-8 राउंड में मुकाबला हुआ। पाकिस्तान टीम पहले बल्लेबाजी करते हुए 128 रन पर ऑलआउट हो गई।
जवाब में भारतीय टीम ने लक्ष्य 17वें ओवर में हासिल कर लिया। विराट कोहली 61 बॉल पर 78 रन बनाकर नॉटआउट रहे। वीरेंद्र सहवाग ने 29 रन और युवराज सिंह ने 19 रन की नाबाद पारी खेली।
2014 टी-20 विश्व कप में एक बार फिर भारत का सामना पाकिस्तान से हुआ। टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करते हुए पाकिस्तान ने 20 ओवर में 130 रन बनाए। जवाब में भारत ने 18.3 ओवर में लक्ष्य हासिल कर लिया। विराट ने 36 रन और सुरेश रैना ने 35 रन की पारी खेली।
2021 में दोनों टीमें पांच साल बाद टी-20 वर्ल्डकप में आमने-सामने हुईं और पाकिस्तान ने भारत के खिलाफ पहली बार जीत हासिल की। टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरे भारत की शुरुआत अच्छी नहीं रही और पावरप्ले में ही भारतीय टीम ने तीन अहम विकेट गंवाए।
कप्तान कोहली के अर्धशतक की बदौलत भारत ने 151 रन बनाए। आसान लक्ष्य का पीछा करते हुए पाकिस्तान के बाबर आजम और मोहम्मद रिजवान ने शानदार खेल दिखाया और अपनी टीम को जीत दिलाकर ही वापस लौटे। रिजवान ने नाबाद 79 और बाबर ने नाबाद 68 रन बनाए। पाकिस्तान यह मैच 10 विकेट से जीता।