May 26, 2026

Join With Us


जनगणना या आर्थिक सर्वेक्षण : नागरिकों में उठ रहे सवाल, प्रशासन से स्पष्टीकरण की मांग




नागपुर । एड अब्दुल अमानी कुरेशी। देशभर में शुरू हुई डिजिटल जनगणना प्रक्रिया को लेकर नागरिकों के मन में कई सवाल उठने लगे हैं। पहले जहां जनगणना में केवल परिवार के सदस्यों की संख्या, शिक्षा और आय जैसी सामान्य जानकारी ली जाती थी, वहीं अब 2026-27 की जनगणना में घर की संरचना, इंटरनेट सुविधा, मोबाइल, वाईफाई, रसोई गैस, विवाहित जोड़ों की संख्या और अन्य जीवनशैली से जुड़े सवाल पूछे जा रहे हैं।

नागपुर में भी कुछ स्थानों पर घर-घर जाकर सर्वेक्षण किए जाने की जानकारी सामने आई है। नागरिकों का कहना है कि कई कर्मचारी बिना स्पष्ट पहचान पत्र दिखाए सवाल पूछ रहे हैं, जिससे लोगों में शंका और असमंजस की स्थिति बन रही है।

लोगों का सवाल है कि यदि यह केवल जनगणना है, तो घर में कितने कमरे हैं, इंटरनेट या वाईफाई का उपयोग होता है या नहीं, कितने विवाहित जोड़े रहते हैं, वाहन और अन्य सुविधाओं से जुड़े प्रश्न क्यों पूछे जा रहे हैं? कुछ लोगों ने आशंका जताई है कि कहीं जनगणना की आड़ में आर्थिक सर्वेक्षण कर भविष्य में सरकारी योजनाओं में कटौती या लाभार्थियों की जांच की तैयारी तो नहीं की जा रही है।

केंद्र सरकार द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, 2027 की जनगणना के पहले चरण में 33 प्रकार की जानकारी एकत्र की जा रही है, जिसमें मकान की स्थिति, पानी, बिजली, शौचालय, इंटरनेट, मोबाइल और घरेलू सुविधाओं से संबंधित प्रश्न शामिल हैं।

महाराष्ट्र में भी मई 2026 से पहले चरण की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है, जिसमें लाखों गणनाकर्मी तैनात किए गए हैं।

हालांकि नागरिकों की मांग है कि प्रशासन स्पष्ट करे कि यह जानकारी किस उद्देश्य से ली जा रही है, डेटा की गोपनीयता कैसे सुरक्षित रहेगी और सर्वेक्षण करने वाले कर्मचारियों की पहचान सुनिश्चित करने के लिए क्या व्यवस्था की गई है। लोगों ने प्रशासन से अपील की है कि आधिकारिक पहचान पत्र और उचित जानकारी के बिना किसी को भी घरों में सर्वेक्षण की अनुमति न दी जाए।




+36
°
C
+39°
+29°
New Delhi
Wednesday, 10
See 7-Day Forecast

Advertisement









Tranding News

Get In Touch
Avatar

सोनम कौर भाटिया

प्रधान संपादक

+91 73540 77535

contact@vcannews.com

© Vcannews. All Rights Reserved. Developed by NEETWEE