नागपुर । एड अब्दुल अमानी कुरेशी । राष्ट्रसंत तुकड़ोजी महाराज नागपुर विश्वविद्यालय के मनोविज्ञान विभाग की ओर से 10 अक्टूबर 2025 को विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस मनाया गया।
मंच पर प्रमुख अतिथि के रूप में डाॅ मनीष ठाकरे ,डाॅ.निलेश हरदे , प्रा. हिमांशु लोखंडे , प्रा. सरिता मोडक विराजमान थे। डाॅ.सुबोध बंसोड (विभागाध्यक्ष) ने अतिथियों को ट्राफी, व पुष्प देकर सम्मानित किया।
इस अवसर पर संकाय सदस्यों में डाॅ.विवेक बांबल,अभिजीत तितरमारे, आकाश शेवतकर, प्रा.अंजन माहेश्वरी, प्रा.सीमा पागे, नीलिमा रामटेके, सना शेख और अमन सर प्रमुखता से उपस्थित थे।
एम.ए. सायकोलॉजी के विद्यार्थियों द्वारा आयोजित "वर्ल्ड हेल्थ डे" को सुलभ और आकर्षक डिज़ाइन किए गए पोस्टर्स इंटरैक्टिव स्टॉलों के माध्यम से प्रदर्शित किया गया।
स्टाल के विषयों में मनोमितीय विकार सोचने की शक्ति और स्मृति तंत्र,प्रमुख मनोवैज्ञानिक सिद्धांत और उनका मानव व्यवहार से संबंध,विचारों- भावनाओं और शारीरिक प्रक्रियाओं का परस्पर संबंध जैसे विभिन्न विषयों के स्टॉल पर शिक्षाप्रद साहित्य प्रदर्शित कीगयी थी ।प्रा.हिमांशु लोखंडे के मार्गदर्शन मे रचनात्मक रूप से तैयार की गयी साहित्य सामग्री जो छात्रों ने अपनी समझ के अनूरूप बनायी थी , आगंतुको ने सराहना की।
अपने संबोधन में डॉ मनीष ठाकरे ने " आपदाओं और आपात स्थितियों में मानसिक स्वास्थ्य" विषय पर प्रकाश डालते हूए कहा कि मन और शरीर के बीच जटिल संबंधों के बारे में जागरूकता बढ़ाने और समग्र स्वास्थ्य को आकार देने में मनोवैज्ञानिको की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
कुल मिलाकर, इस समारोह का उद्देश्य मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता, शैक्षणिक जिज्ञासा और करुणा को बढ़ावा देना था - जो विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस की सच्ची भावना को दर्शाता है। संचालन महक वोरा ने किया तथा आभार प्रदर्शन ओम ढोबले ने माना।