नई दिल्ली | गुरमीत सिंह | फ्रांस के कई चर्चों में बच्चों के साथ होने वाले गंदें कामों पर एक सनसनीखेज रिपोर्ट सामने आने से हंगामा मच गया है| एक स्वतंत्र कमिशन की रिपार्टमें कहा गया है कि साल 1950 से लेकर अब तक फ्रांस के कैथोलिक चर्चों के अंदर हजारों पीडोफाइल सक्रिय थे| पीडोफाइल का मतलब होता है, बच्चों पर गंदी नजर रखते हुए उनके साथ यौन शोषण करना|
एएफपी की रिपोर्ट के मुताबिक, कमिशन ने अपनी रिसर्च में पाया है कि 1950 से लेकर अब तक कम-से-कम 2900 से लेकर 3200 पीडोफाइल पादरी या चर्च के अन्य सदस्यों का खुलासा हो चुका है| रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि ये आंकड़ा कई गुना ज्यादा हो सकता है|
फ्रांस के चर्चों पर की गई ढाई साल की गहन रिसर्च के बाद कमिशन की यह रिपोर्ट मंगलवार को जारी होनी है| रिसर्च को चर्च, कोर्ट, पुलिस अर्काइव और गवाहों के साक्षात्कारों के आधार पर तैयार किया गया|
करीब 2500 पन्नों की इस रिपोर्ट में न सिर्फ गुनाहगारों की संख्या बताई गई है, बल्कि पीड़ितों के आंकड़े भी बताए गए हैं| रिपोर्ट में उस व्यवस्था पर भी बात की गई है, जिसकी वजह से पीडोफाइल चर्च के अंदर रहकर भी सक्रिय थे|
इस स्वतंत्र कमिशन का गठन 2018 में फ्रेंच कैथोलिक चर्च द्वारा किया गया था| उस समय कई स्कैंडल के खुलासों ने फ्रांस और दुनियाभर के चर्चों की व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए थे|
कानूनी विशेषज्ञ, डॉक्टर, इतिहासकार, सोशियोलॉजिस्ट और धर्मशास्त्रियों को मिलाकर यह कमिशन तैयार किया गया था| कमिशन ने जब ढाई साल पहले काम शुरू किया था, उस समय एक टेलीफोन हॉटलाइन जारी की थी, जिसके जरिए कुछ ही महीनों में हजारों शिकायती मेसेज मिलने का दावा किया गया था|