नागपुर । एड अब्दुल अमानी कुरैशी। शहर में एक और 250 करोड़ रुपये खर्च होने के बावजूद नियमित जलापूर्ति नहीं होने से नागरिकों में नाराजगी के बीच अब नेचुरल गैस परियोजना से राहत मिलने की उम्मीद जगी है । आगामी दो महीनों में इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन की और से शहर के घरों, उद्योगों व वाहनों के लिए पाइप लाइन के जरिए नेचुरल गैस (PNG) व (CNG) उपलब्ध कराई जाएगी। इस योजना के शुरू होने के बाद लोगों को एलपीजी सिलेंडर की बुकिंग व समय पर डिलीवरी की परेशानी से काफी हद तक राहत मिलेगी ।
एल पी जी कनेक्शन की भांति अब घरेलू गैस के लिए भी पाइप लाइन कनेक्शन दिया जाएगा । प्रदूषण नियंत्रण व स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से योजना को प्राथमिकता दी गई है । शहर में पाइप लाइन बिछाने का कार्य तेजी से चल रहा है । वर्तमान में घरेलू व व्यावसायिक उपयोग के लिए एलपीजी सिलेंडर का इस्तेमाल हो रहा है।
मुंबई-गैस लाइन से जुड़ेगा नागपुर
मुंबई से नागपुर तक गैस पाइप लाइन बिछाने का काम लगभग पूरा हो चुका है । इसी मुख्य लाइन से जालना, बीड़ व जलगांव शहरों को जोड़ा जाएगा । इन शहरों में आंतरिक पाइपलाइन नेटवर्क का कार्य जारी है ।
पाइप लाइन नेचुरल गैस (PNG) हवा से हल्की होती है व रिसाव होने पर तुरंत वातावरण में फैलने से दुर्घटना की संभावना कम रहती है । यह एलपीजी के मुकाबले सस्ती भी है ।
स्टील उद्योगों को होगा लाभ
शहर में तेजी से विकसित हो रहा स्टील उद्योग बिजली वितरण कंपनी को करीब 250 करोड़ रुपये का राजस्व देता है ।
वर्तमान में कई उद्योगों में कोयले का उपयोग किए जाने से प्रदूषण बढ़ता है, पाइप लाइन गैस उपलब्ध होने के बाद प्रदूषण में भी कमी आएगी।