नागपूर । अब्दुल अमानी कुरैशी। शिक्षा दिवस के मौके पर निमित्त जहां एक ओर जिले के आदर्श शिक्षकों का सत्कार किया जा रहा था वहीं दूसरी ओर महाराष्ट्र राज्य प्राथमिक शिक्षक समिति की ओर 500 से अधिक शिक्षकों ने संविधान चौक पर विविध मांगों को लेकर सामूहिक अवकाश आंदोलन किया। उनकी मांग थी कि हमें विद्यार्थियों को केवल पढ़ाने का कार्य करने दीया जाए शिक्षको पर लादे गए अनेक अशैक्षणिक कार्यों से मुक्ति दो ।
संगठन के अध्यक्ष लीलाधर ठाकरे के नेतृत्व में काले कपड़े पहनकर बड़ी संख्या में शिक्षक गण अपनी मांगों को लेकर इस आंदोलन में शामिल हुए. स्वास्थ्य से लेकर राजस्व व पंचायत और शिक्षा के अलावा कई तरह के"अशैक्षणिक कार्य, अनेक जनजागृति के कार्य प्रभात फेरियां निकालने सरकारी सर्वेक्षण, एनजीओ द्वारा लादे हुए कार्य शिक्षकों से करवाये जाते है।
निरक्षरों व बांधकाम मजदूरों का सर्वेक्षण काम कराया जाता है । जिसके चलते शिक्षकों द्वारा विद्यार्थियों को पढ़ाने का पूरा समय ही नहीं मिलता. इन कार्यों से मुक्ति देने की मांग की गई. इसके अलावा पुरानी पेंशन योजना लागू करने, रिक्त पदों की भर्ती सहित अनेक प्रलंबित मांगों को पूरा करने की मांग भी सरकार से की, गई. विलास कालमेघ, पुष्पा पानसरे, न् अनिल नासरे, राजू बोकडे, कमलाकर काले, कल्पना इंगले, मीनाक्षी कदम सहित . बड़ी संख्या में शिक्षक शामिल हुए ।