मुंबई | न्यूज़ डेस्क | पेटीएम के बुरे दिन शुरू हो गए हैं, कंपनी पर मुसीबतों का सैलाब आ गया है। कंपनी एक के बाद एक बड़ी मुसीबत में फंसती जा रही है। अब डिजिटल पेमेंट कंपनी पेटीएम पेमेंट बैंक का चाइनीज कंपनियों के साथ डेटा शेयरिंग का मामला सामने आ रहा है। दरअसल, ब्लूमबर्ग के सूत्रों के मुताबिक, भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की एनुअल जांच में पाया गया कि कंपनी के सर्वर चाइना-बेस्ड फर्म के साथ जरूरी जानकारी शेयर कर रहे थे, जो इनडायरेक्टरी तौर से पेटीएम पेमेंट्स बैंक में हिस्सेदारी रखते हैं। हालांकि, पेटीएम ने इस मामले पर बयान जारी किया है और इसका खंडन किया है।
पेटीएम के बुरे दिन शुरू हो गए हैं, कंपनी पर मुसीबतों का सैलाब आ गया है। कंपनी एक के बाद एक बड़ी मुसीबत में फंसती जा रही है। अब डिजिटल पेमेंट कंपनी पेटीएम पेमेंट बैंक का चाइनीज कंपनियों के साथ डेटा शेयरिंग का मामला सामने आ रहा है। दरअसल, ब्लूमबर्ग के सूत्रों के मुताबिक, भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की एनुअल जांच में पाया गया कि कंपनी के सर्वर चाइना-बेस्ड फर्म के साथ जरूरी जानकारी शेयर कर रहे थे, जो इनडायरेक्टरी तौर से पेटीएम पेमेंट्स बैंक में हिस्सेदारी रखते हैं। हालांकि, पेटीएम ने इस मामले पर बयान जारी किया है और इसका खंडन किया है।
इस मामले पर पेटीएम पेमेंट्स बैंक ने बयान जारी कर इन खबरों का खंडन किया है। कंपनी ने इसे झूठा और सनसनीखेज बताया है। पेटीएम पेमेंट्स बैंक ने कहा, "चीनी कंपनियों को डेटा लीक होने का दावा करने वाली ब्लूमबर्ग की हालिया रिपोर्ट झूठी और सनसनीखेज है।" बता दें कि आज कंपनी के शेयर 13 पर्सेंट से अधिक गिर गए।